भोसरी, बालाजीनगर में रमाई आवास योजना के लाभार्थियों ने एक गंभीर मामले को लेकर महापौर से लिखित शिकायत की है। News PCMC के अनुसार, अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजाति और पिछड़े वर्ग के गरीब परिवारों के लिए बनी इस योजना के लाभार्थियों को बताया गया था कि यह सरकारी योजना रद्द हो गई है। इसके बाद, उनसे सहमति पत्र और अंगूठे के निशान लिए गए।
लाभार्थियों का आरोप है कि इन सहमति पत्रों और अंगूठे के निशानों का उपयोग अब एक निजी बिल्डर की एसआरए परियोजना के लिए किया जा रहा है। विशेष बात यह है कि रमाई आवास योजना रद्द नहीं हुई है और इस योजना में 2.5 लाख रुपये का अनुदान मिलता है। इस घटना से नाराज लाभार्थियों ने अपनी सहमति वापस ले ली है और किसी भी निजी परियोजना का विरोध किया है।
लाभार्थियों ने अपनी शिकायत में मांग की है कि योजना का लाभ केवल मूल पात्र लाभार्थियों को ही मिले। साथ ही, इन सहमति पत्रों और निजी परियोजना के प्रस्तावों को जांच पूरी होने तक स्थगित किया जाए। लाभार्थियों ने 7 अक्टूबर 2026 को यह भी मांग की है कि इस मामले में संयुक्त सुनवाई की जाए।











