यह आंदोलन आप युवा अघाड़ी के रविराज काले के नेतृत्व में हुआ। प्रदर्शनकारियों ने उद्यान विभाग के अधिकारी महेश गारगोटे को 'पैसों का पेड़' भेंट कर पेड़ों की कटाई का विरोध जताया।
पार्टी ने आरोप लगाया है कि पेड़ काटने की अनुमति प्राप्त करते समय पेड़ों की संख्या और उनकी उम्र के संबंध में दस्तावेजों में हेरफेर किया गया और वृक्ष प्राधिकरण को गुमराह किया गया। इस मामले की जांच कर दोषी अधिकारियों-कर्मचारियों पर कार्रवाई करने की मांग एक ज्ञापन के जरिए आयुक्त से की गई है।
संबंधित निर्माण परियोजना को दिए गए अनापत्ति प्रमाण पत्र (एनओसी) की भी जांच करने और अवैध रूप से पेड़ काटने के लिए जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कानूनी कार्रवाई करने की मांग की गई है।
काले ने चेतावनी दी कि 52 पेड़ों की कटाई पर्यावरण का बड़ा नुकसान है और अगर तुरंत जांच कर निलंबन की कार्रवाई नहीं की गई, तो पूरे शहर में आंदोलन छेड़ा जाएगा। इस अवसर पर पर्यावरण प्रेमी और नागरिक उपस्थित थे। इन आरोपों पर मनपा का पक्ष अभी सामने नहीं आया है।














